Advertisement

उत्तराखंड: मुख्यमंत्री धामी का विकास को बड़ा बूस्ट, ₹257 करोड़ की योजनाओं को हरी झंडी

​देहरादून : उत्तराखंड के बुनियादी ढांचे को मजबूती देने और जनसुविधाओं के विस्तार के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक बड़ा कदम उठाया है। प्रदेश में सड़क सुधार, शहरी विकास, स्वास्थ्य और खेल सुविधाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने ₹257 करोड़ की भारी-भरकम वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।

​मुख्यमंत्री की इस घोषणा के केंद्र में सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों की कनेक्टिविटी और युवाओं के लिए नए अवसरों का सृजन है। सरकार का मुख्य फोकस डामरीकरण, सड़कों के चौड़ीकरण और लंबित पड़ी जलापूर्ति योजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर है।

​सड़क कनेक्टिविटी पर विशेष जोर: जिलों को मिली सौगात

​सरकार ने बुनियादी ढांचे, विशेषकर सड़कों के पुनर्निर्माण के लिए बजट का एक बड़ा हिस्सा आवंटित किया है। प्रमुख स्वीकृतियां इस प्रकार हैं:

  • ​अल्मोड़ा जिला: जागेश्वर क्षेत्र के अंतर्गत मोरनौला-जैती मोटर मार्ग के डामरीकरण हेतु ₹4.26 करोड़ मंजूर।
  • ​नैनीताल जिला: पर्यटकों और स्थानीय लोगों को जाम से निजात दिलाने के लिए एनएच-87 पर काठगोदाम बाईपास (काठगोदाम-रानीबाग खंड) के निर्माण हेतु ₹4.70 करोड़ की राशि स्वीकृत।
  • ​पौड़ी गढ़वाल: व्यासघाट से सिल्सू मोटर मार्ग के पुनर्निर्माण के लिए ₹3.86 करोड़ की स्वीकृति दी गई है, जिससे दर्जनों गांवों की राह आसान होगी।

​इसके अतिरिक्त, राज्य के अन्य जनपदों में भी डामरीकरण और पैच वर्क के कार्यों को गति देने के निर्देश दिए गए हैं।

​युवाओं और खेल जगत के लिए बड़ी घोषणाएं

​मुख्यमंत्री धामी ने इस बजट आवंटन के साथ ही प्रदेश के युवाओं के लिए भी अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है। खेल सुविधाओं के विकास और युवा कल्याण योजनाओं के लिए भी विशेष प्रावधान किए गए हैं। सरकार का लक्ष्य है कि ग्रामीण क्षेत्रों में खेल प्रतिभाओं को निखारने के लिए ब्लॉक स्तर पर आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।

​“हमारा लक्ष्य उत्तराखंड को अगले कुछ वर्षों में देश का अग्रणी राज्य बनाना है। यह ₹257 करोड़ की राशि केवल आंकड़ा नहीं, बल्कि विकास की नई इबारत है जो अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक पहुंचेगी।”

— पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड

 

​शहरी विकास और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार

​सड़कों के अलावा, इस वित्तीय मदद का उपयोग शहरी क्षेत्रों में जल निकासी (Drainage System), स्वच्छ पेयजल आपूर्ति और जिला अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों की कमी को दूर करने के लिए भी किया जाएगा। सीएम ने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और सभी प्रोजेक्ट्स की निगरानी ‘थर्ड पार्टी ऑडिट’ के माध्यम से होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright 2026. All right reserved. Loktantra TV News Website Design by E- MEDIA Web & App - 7999906109
error: Content is protected !!